अश्रद्दधानाः पुरुषा धर्मस्यास्य परन्तप । अप्राप्य मां निवर्तन्ते मृत्युसंसारवर्त्मनि ॥
हिन्दी अनुवाद
हे परंतप इस धर्मकी महिमापर श्रद्धा न रखनेवाले मनुष्य मेरे प्राप्त न होकर मृत्युरूप संसारके मार्गमें लौटते रहते हैं अर्थात् बारबार जन्मतेमरते रहते हैं ॥
English
O conqueror of foes, people without trust in this dharma do not reach Me and keep returning on the path of repeated death and rebirth.