सञ्जय उवाचइत्यर्जुनं वासुदेवस्तथोक्त्वास्वकं रूपं दर्शयामास भूयः । आश्वासयामास च भीतमेनंभूत्वा पुनः सौम्यवपुर्महात्मा ॥
Hindi · हिन्दी
सञ्जय बोले वासुदेवभगवान् ने अर्जुनसे ऐसा कहकर फिर उसी प्रकारसे अपना रूप देवरूप दिखाया और महात्मा श्रीकृष्णने पुनः सौम्यवपु द्विभुजरूप होकर इस भयभीत अर्जुनको आश्वासन दिया ॥
English
Sanjaya said: After speaking thus to Arjuna, Vasudeva revealed his own form again. The great one then reassured the frightened Arjuna, taking once more a gentle form.